शुक्रवार, 18 नवंबर 2022

पुलिस से डरे नहीं उन्हें अपना मित्र समझे- पुलिस अधीक्षक सूरजपुर। बाल सुरक्षा सप्ताह में स्कूली बच्चों को कराया गया चौकी का भ्रमण, पुलिस की कार्यप्रणाली से कराया गया अवगत

पुलिस अधीक्षक को अपने बीच पाकर बच्चे हुए खुश।

सूरजपुर। बच्चे देश का भविष्य है, लक्ष्य लेकर मेहनत से पढ़े और बड़ा अफसर बने, जीवन में परिश्रम से पढ़ाई करके ही आगे बढ़ा जा सकता है, पढ़ने और सीखने की उम्र कभी समाप्त नहीं होती। जरूरी नहीं कि आप किसी कार्य में एक ही बार में कामयाब हो जाएं। यदि आपने अपना कोई लक्ष्य निर्धारित कर लिया है, तो उसे पूरा करने के लिए मेहनत करते रहिये, कामयाबी जरूर मिलगी उक्त बाते गुरूवार को चौकी बसदेई पुलिस के द्वारा आयोजित बाल सुरक्षा सप्ताह के दौरान पुलिस अधीक्षक सूरजपुर श्री रामकृष्ण साहू ने स्कूली बच्चों को कही।
जिले की पुलिस 14 से 20 नवम्बर तक बाल सुरक्षा सप्ताह मनाया जा रहा है जिसके तहत स्कूली बच्चों को थाना-चौकी का भ्रमण कराते हुए पुलिस के कार्यप्रणाली से उन्हें अवगत कराया जा रहा है, उन्हें महिलाओं व बच्चों की सुरक्षा से जुड़े जरूरी बाते, महिला सुरक्षा के लिए बने अभिव्यक्ति ऐप व हमर बेटी-हमर मान के तहत जानकारियां दी जा रही है। इस आयोजन में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बसदेई के 450 स्कूली बच्चों शामिल हुए। स्कूली बच्चों के द्वारा भाषण व गायन का शानदार प्रस्तुती दी गई तो वहीं बालिकों के बीच कुर्सी दौड़ का भी आयोजन किया गया जिसके लिए उन्हें पुरस्कृत भी किया गया। पुलिस अधीक्षक को अपने बीच पाकर बच्चे काफी खुश दिखे और हमर बेटी-हमर मान व अभिव्यक्ति ऐप के सेल्फी प्वाईट पर तस्वीरे क्लीक करवाई। कार्यक्रम का संचालन एसडीओपी सूरजपुर प्रकाश सोनी के द्वारा किया गया।
इस दौरान पुलिस अधीक्षक श्री रामकृष्ण साहू ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिस से न डरे नहीं उन्हें अपना दोस्त समझे, पुलिस और जनता के बीच मधुर संबंध बनाने को लेकर लगातार इस तरह के आयोजन किए जा रहे है। नशे के विरूद्ध पुलिस के द्वारा चलाए जा रहे अभियान के बारे में बताया और नशे के खिलाफ पूरे समाज को उठ खड़ा होने की बात कही। शासन एवं पुलिस नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सजग है। पुलिस अधीक्षक के द्वारा बच्चों से क्या बनना है यह पूछे जाने पर बच्चों ने एक स्वर में पुलिस विभाग में अधिकारी बनने की बात कही।
छत्तीसगढ़ उर्दु ऐकेडमी बोर्ड के सदस्य इस्माईल खान ने बच्चों को कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेलकूद भी जरूरी है। शिक्षा वह कड़ी है जिसके दम पर उच्च पद हासिल किया जा सकता है, लगन के साथ पढ़ाई कर लक्ष्य को हासिल करें। कार्यक्रम में गायन, भाषण एवं कुर्सी दौड़ का भी आयोजन किया गया। गायन में छात्र समीर सारथी, संतोष सिंह, शशि सिंह, भाषण में निशा राजवाड़े, प्रिया गुपता, प्राची राजवाड़े व कुर्सी दौड़ में प्रथम डुलेश्वरी राजवाड़े को पुरस्कार भेंट कर सम्मानित किया। इस दौरान चौकी प्रभारी बसदेई बृजेश यादव, एएसआई बबीता यादव, प्राचार्य विनोद सोनी, स्कूल के शिक्षकगण, स्कूली बच्चों सहित पुलिस के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3
सायबर की पाठशाला में आज तीसरे पाठ में हम समझने की कोशिश कर रहे हैं कि एक सुरक्षित लिंक कैसा दिखता या होता है। धोखेबाज/अपराधी आम लोगों को ठगने के लिए बैंको के नाम से मिलते जुलते नाम या अक्षरों का प्रयोग करके एक यूआरएल/URL बनाता है और उसे मोबाइल पर सीधे मैसेज के रूप में भेजता है इन लिंकनुमा URL पर क्लिक करते ही आप ठगी के शिकार हो जाते हैं। यदि लिंक में anydesk, mingle, teamviewer जैसे शब्द हैं तो आपके फोन को हैक करने का प्रयास हो रहा है, तुरंत मैसेज डिलिट करें। लिंक पर क्लिक बिलकुल न करें। अनजान से व्यक्तियों से फोन पर ज्यादा बात न करें और न ही उन्हें किसी भी तरह की जानकारी दें चाहे कुछ भी हो जाए। तभी आप ठगी से बच पाएंगे। इस तरह के फर्जीवाड़ों पर और विस्तार से जानकारी के लिए इस श्रृंखला पर नजर बनाए रखें। पिछले पाठों को फिर से जानने के लिए/ पुनरावलोकन के लिए तस्वीर पर क्लिक करें या ऊपर के संबंधित टैब (सायबर की पाठशाला) पर क्लिक करें।