सूरजपुर। पुलिस अधीक्षक सूरजपुर श्री रामकृष्ण साहू के द्वारा सामुदायिक पुलिसिंग को बढ़ावा देने हेतु पुलिस जन चौपाल लगाने तथा महिलाओं की सुरक्षा के लिए बनाए गए अभिव्यक्ति ऐप के बारे में महिलाओं-छात्राओं को अवगत कराते हुए ऐप के इस्तेमाल को लेकर जागरूक करने के निर्देश जिले के थाना-चौकी प्रभारियों को दिए थे। इसी परिपेक्ष्य में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मधुलिका सिंह के मार्गदर्शन में बीते दिन चौकी उमेश्वरपुर की पुलिस की मौजूदगी में एसडीओपी प्रेमनगर प्रकाश सोनी ने ग्राम बकालो में जन चौपाल लगाकर लोगों समस्याओं को सुना और कईयों का मौके पर ही निराकरण किया। महिला सुरक्षा संबंधी अभिव्यक्ति ऐप, साईबर अपराध, यातायात नियम, महिलाओं की सुरक्षा के लिए बने कानूनों, विधिक जानकारियों से अवगत कराते हुए कहा कि पुलिस आपकी सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर है, किसी प्रकार की समस्या होने पर अवगत कराए। उन्होंने छत्तीसगढ़ शासन के कल्याणकारी योजनाओं से ग्रामीणों को अवगत कराया। इस दौरान चौकी प्रभारी उमेश्वरपुर देवनाथ चौधरी, जनपद सदस्य सावित्री सिंह, ग्राम बकालो सरपंच विद्यावती लकड़ा, जनप्रतिनिधिगण सहित काफी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरूष मौजूद रहे।
'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3
सायबर की पाठशाला में आज तीसरे पाठ में हम समझने की कोशिश कर रहे हैं कि एक सुरक्षित लिंक कैसा दिखता या होता है। धोखेबाज/अपराधी आम लोगों को ठगने के लिए बैंको के नाम से मिलते जुलते नाम या अक्षरों का प्रयोग करके एक यूआरएल/URL बनाता है और उसे मोबाइल पर सीधे मैसेज के रूप में भेजता है इन लिंकनुमा URL पर क्लिक करते ही आप ठगी के शिकार हो जाते हैं। यदि लिंक में anydesk, mingle, teamviewer जैसे शब्द हैं तो आपके फोन को हैक करने का प्रयास हो रहा है, तुरंत मैसेज डिलिट करें। लिंक पर क्लिक बिलकुल न करें। अनजान व्यक्तियों से फोन पर ज्यादा बात न करें और न ही उन्हें किसी भी तरह की जानकारी दें चाहे कुछ भी हो जाए। तभी आप ठगी से बच पाएंगे। इस तरह के फर्जीवाड़ों पर और विस्तार से जानकारी के लिए इस श्रृंखला पर नजर बनाए रखें। पिछले पाठों को फिर से जानने के लिए/ पुनरावलोकन के लिए तस्वीर पर क्लिक करें या ऊपर के संबंधित टैब (सायबर की पाठशाला) पर क्लिक करें।
