सोमवार, 17 अगस्त 2026

थाना झिलमिली में ग्राम कोटवारों की हुई बैठक, संदिग्ध गतिविधियों पर सतर्क निगरानी रखने के दिए निर्देश। अवैध गतिविधियों व संदिग्धों की सूचना फौरन पुलिस को देने हेतु किया गया प्रोत्साहित।

 

सूरजपुर। पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल (भापुसे) के निर्देश पर जिले में ग्राम स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा सूचना तंत्र को मजबूत करने के उद्देश्य से 06 अगस्त 2026 को थाना झिलमिली में थाना प्रभारी सरफराज फिरदौसी द्वारा थाना क्षेत्र के समस्त ग्राम कोटवारों की बैठक आयोजित की गई।
               बैठक में थाना प्रभारी ने सभी कोटवारों को निर्देशित किया कि वे प्रत्येक माह कम से कम दो बार थाना में उपस्थित होकर अपने-अपने गांव की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था तथा गतिविधियों की जानकारी उपलब्ध कराएं। गांव में आने वाले अजनबी एवं संदिग्ध व्यक्तियों, अवैध प्रवासियों, किरायेदारों तथा मुसाफिरों का सत्यापन कर उनका नाम, पता, आधार नंबर, मोबाइल नंबर एवं फोटो रजिस्टर में अनिवार्य रूप से दर्ज करने के निर्देश दिए गए।
               थाना प्रभारी ने कहा कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि, बाहरी व्यक्ति की असामान्य आवाजाही, झगड़ा-विवाद, अवैध शराब बिक्री, जुआ-सट्टा, मादक पदार्थों के कारोबार, पशु तस्करी, चोरी अथवा अन्य अपराध संबंधी सूचना तत्काल पुलिस को दी जाए ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

बैठक में थाना प्रभारी ने कोटवारों को दिए गए महत्वपूर्ण निर्देश।
          प्रभारी ने कोटवारों को कहा कि गांव में नए किरायेदार आने पर तत्काल उनका सत्यापन कराए, रात के वक्त गांव में घूमने वाले संदिग्ध व्यक्तियों पर विशेष निगरानी रखें। गांव के सार्वजनिक स्थलों, स्कूल, पंचायत भवन एवं बाजार क्षेत्र में सुरक्षा संबंधी जानकारी लोगों तक पहुंचाएं। साइबर ठगी, बैंक फ्रॉड एवं ऑनलाइन धोखाधड़ी के प्रति ग्रामीणों को जागरूक करें। महिला एवं बाल सुरक्षा संबंधी घटनाओं की सूचना तुरंत पुलिस को दें। किसी भी अफवाह, भड़काऊ संदेश या सोशल मीडिया पर फैल रही गलत जानकारी की पुष्टि किए बिना उसे प्रसारित न हो उसके लिए जागरूकता फैलाए। ग्राम स्तर पर शांति समिति एवं जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाए। बैठक के दौरान सभी कोटवारों को सत्यापन कार्य सुचारु रूप से करने हेतु रजिस्टर एवं पेन वितरित किए गए। थाना प्रभारी ने बताया कि ग्राम कोटवार पुलिस की आंख और कान होते हैं तथा उनकी सक्रियता से अपराधों की रोकथाम एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग मिलेगा।
सूरजपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे गांव में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति, गतिविधि अथवा अवैध कार्य की जानकारी तत्काल निकटतम थाना या पुलिस नियंत्रण कक्ष को दें तथा सुरक्षित एवं अपराधमुक्त समाज के निर्माण में पुलिस का सहयोग करें।

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3
सायबर की पाठशाला में आज तीसरे पाठ में हम समझने की कोशिश कर रहे हैं कि एक सुरक्षित लिंक कैसा दिखता या होता है। धोखेबाज/अपराधी आम लोगों को ठगने के लिए बैंको के नाम से मिलते जुलते नाम या अक्षरों का प्रयोग करके एक यूआरएल/URL बनाता है और उसे मोबाइल पर सीधे मैसेज के रूप में भेजता है इन लिंकनुमा URL पर क्लिक करते ही आप ठगी के शिकार हो जाते हैं। यदि लिंक में anydesk, mingle, teamviewer जैसे शब्द हैं तो आपके फोन को हैक करने का प्रयास हो रहा है, तुरंत मैसेज डिलिट करें। लिंक पर क्लिक बिलकुल न करें। अनजान व्यक्तियों से फोन पर ज्यादा बात न करें और न ही उन्हें किसी भी तरह की जानकारी दें चाहे कुछ भी हो जाए। तभी आप ठगी से बच पाएंगे। इस तरह के फर्जीवाड़ों पर और विस्तार से जानकारी के लिए इस श्रृंखला पर नजर बनाए रखें। पिछले पाठों को फिर से जानने के लिए/ पुनरावलोकन के लिए तस्वीर पर क्लिक करें या ऊपर के संबंधित टैब (सायबर की पाठशाला) पर क्लिक करें।