मंगलवार, 20 जनवरी 2026

धैर्य रखें, सड़क पर जल्दबाजी न करें, दुर्घटना से देर भली के सिद्धांत को अपनाए-डीआईजी/एसएसपी सूरजपुर। हेलमेट और सीट बेल्ट दिखावे की वस्तुएं नहीं हैं, बल्कि वे चालक और उसके परिवार की सुरक्षा करती है सुनिश्चित। डीआईजी/एसएसपी सूरजपुर ने 50 जरूरतमंद लोगों को किया हेलमेट वितरित। बाईक पर हेलमेट रैली निकालकर दिया गया हेलमेट पहनने और यातायात नियमों को अपनाने का संदेश।

 

सूरजपुर। धैर्य रखें, सड़क पर जल्दबाजी न करें, दुर्घटना से देर भली के सिद्धांत को अपनाएं, याद रखें, सड़क सुरक्षा ही जीवन रक्षा है। धुंध/कोहरे के समय सावधानी से वाहन चलाए, रिफ्लेक्टर टेप वाहन में जरूर लगाए ताकि रात और कोहरे में वाहन आसानी से दिखाई दें और सड़क पर कोई हादसा न हो। जब आप घर से निकलते है तो पूरे परिवार की जिम्मेदारी आपके साथ चलती है सड़क पर लापरवाही न करें, यातायात नियमों के पालन को लेकर सख्ती का उद्देश्य चालान काटना नहीं, बल्कि लोगों में नियमों के प्रति जागरूकता लाना तथा लोगों को सुरक्षित घर तक पहुंचाना है उक्त बाते डीआईजी व एसएसपी सूरजपुर श्री प्रशांत कुमार ठाकुर ने शुक्रवार, 16 जनवरी 2026 को चौकी बसदेई क्षेत्र अन्तर्गत ग्राम सुंदरपुर में आयोजित यातायात जन जागरूकता कार्यक्रम में कही।
                कार्यक्रम में स्व. श्री मदनेश्वर शरण सिंहदेव व पीआरए ग्रुप के सहयोग से प्राप्त 50 हेलमेट जरूरतमंद लोगों को वितरित किया गया और हेलमेट पहनने और यातायात नियमों के प्रति जागरूकता को लेकर पुलिस अधिकारी, जवान व नागरिकों ने बाईक पर हेलमेट रैली निकाली।
             इस दौरान डीआईजी/एसएसपी सूरजपुर श्री ठाकुर ने ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों से आग्रह किया कि यातायात नियमों के प्रति जागरूकता की बातें व जानकारियों को अपने गांव-मोहल्ले और परिजनों को जरूर बताए, आपकी एक जानकारी किसी की जान बचा सकती है। सड़क पर सजगता और नियमों का पालन करना न केवल दुर्घटनाओं को कम करता है, बल्कि यह आपकी और दूसरों की जान बचाने का एकमात्र तरीका है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हेलमेट और सीट बेल्ट दिखावे की वस्तुएं नहीं हैं, बल्कि वे चालक और उसके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करती हैं। दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट और कारों में सीटबेल्ट अनिवार्य है, जो मृत्यु के जोखिम को 61 प्रतिशत तक कम कर सकते हैं। वर्तमान परिदृश्य में घुंध और कोहरे के मौसम में थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। वाहन चालक यदि गति सीमित रखें, रिफ्लेक्टर व लाइट का सही उपयोग करें और सड़क पर गलत ढंग से वाहन खड़ा न करें, तो कई कीमती जानें बचाई जा सकती हैं। नशा करके वाहन चलाना न केवल गैरकानूनी है, बल्कि जानलेवा भी है।
             इस अवसर पर एसडीओपी सूरजपुर अभिषेक पैंकरा, चौकी प्रभारी बसदेई योगेंद्र जायसवाल, यातायात प्रभारी बृजकिशोर पाण्डेय, जिला पंचायत सदस्य भुनेश्वरी राजवाड़े, जनपद सदस्य राजू गुप्ता, गणपत पाटील, मंडल अध्यक्ष सुनील साहू, बसदेई सरपंच मनोज सिंह, ऊंचडीह सरपंच दिलीप सिंह, ग्राम सुंदरपुर व बसदेई क्षेत्र के गणमान्य नागरिकगण सहित पुलिस अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3
सायबर की पाठशाला में आज तीसरे पाठ में हम समझने की कोशिश कर रहे हैं कि एक सुरक्षित लिंक कैसा दिखता या होता है। धोखेबाज/अपराधी आम लोगों को ठगने के लिए बैंको के नाम से मिलते जुलते नाम या अक्षरों का प्रयोग करके एक यूआरएल/URL बनाता है और उसे मोबाइल पर सीधे मैसेज के रूप में भेजता है इन लिंकनुमा URL पर क्लिक करते ही आप ठगी के शिकार हो जाते हैं। यदि लिंक में anydesk, mingle, teamviewer जैसे शब्द हैं तो आपके फोन को हैक करने का प्रयास हो रहा है, तुरंत मैसेज डिलिट करें। लिंक पर क्लिक बिलकुल न करें। अनजान व्यक्तियों से फोन पर ज्यादा बात न करें और न ही उन्हें किसी भी तरह की जानकारी दें चाहे कुछ भी हो जाए। तभी आप ठगी से बच पाएंगे। इस तरह के फर्जीवाड़ों पर और विस्तार से जानकारी के लिए इस श्रृंखला पर नजर बनाए रखें। पिछले पाठों को फिर से जानने के लिए/ पुनरावलोकन के लिए तस्वीर पर क्लिक करें या ऊपर के संबंधित टैब (सायबर की पाठशाला) पर क्लिक करें।