बुधवार, 13 अगस्त 2025

विश्रामपुर क्षेत्र में स्कूल लगने और छूटने के दौरान चिहिन्त मार्गो पर हैवी वाहनों की रहेगी नो एन्ट्री, स्कूली बच्चों की सुरक्षा की दृष्टिगत् उठाया गया यह कदम।

 

 जिले की पुलिस ने भारी वाहनों को स्कूल के समय के दौरान नो-एंट्री लागू कर दिया है, ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और यातायात सुगम बना रहे। यह व्यवस्था सुबह और शाम के स्कूली बच्चों के आवागमन के दौरान भारी वाहनों को स्कूल के आसपास और मुख्य शहर में प्रवेश करने से रोकेगी।
              दिनांक 14.07.2025 को डीआईजी व एसएसपी सूरजपुर श्री प्रशांत कुमार ठाकुर से विश्रामपुर क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों ने मुलाकात कर स्कूल टाईमिंग के दौरान भारी वाहनों का प्रतिबंधित करने का आग्रह किया था जिस पर उन्होंने स्कूली बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता क्रम में रखा और नो-एंट्री के मार्गो का सर्वे कराया एवं पुलिस अधिकारियों की बैठक लेने के उपरान्त विश्रामपुर क्षेत्र में स्कूल लगने एवं छूटने के दौरान चिहिन्त मार्गो पर भारी वाहनों को प्रतिबंधित कर दिया है।
                   इस बारे में यातायात प्रभारी बृजकिशोर पाण्डेय ने बताया कि विश्रामपुर क्षेत्र में स्कूल लगने एवं छूटने के दौरान सुबह 7 बजे से 10.30 बजे तक एवं दोपहर 2 बजे से 4.30 बजे तक हैवी वाहन जो रेहर गायत्री से विश्रामपुर, दतिमा से विश्रामपुर एवं अम्बेडकर चौक से डीएव्ही स्कूल होते हुए भटगांव व सूरजपुर की ओर जाने वाले सभी हैवी वाहनों की नो एन्ट्री रहेगा, इसके लिए मार्ग के एन्ट्री प्वाईंट पर बैनर भी लगाया जायेगा। एनएच निर्बाध रूप से चालू रहेगी। यह कदम स्कूली बच्चों की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए उठाया गया है।

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3

'सायबर की पाठशाला' : सायबर जागरूकता अभियान कड़ी-3
सायबर की पाठशाला में आज तीसरे पाठ में हम समझने की कोशिश कर रहे हैं कि एक सुरक्षित लिंक कैसा दिखता या होता है। धोखेबाज/अपराधी आम लोगों को ठगने के लिए बैंको के नाम से मिलते जुलते नाम या अक्षरों का प्रयोग करके एक यूआरएल/URL बनाता है और उसे मोबाइल पर सीधे मैसेज के रूप में भेजता है इन लिंकनुमा URL पर क्लिक करते ही आप ठगी के शिकार हो जाते हैं। यदि लिंक में anydesk, mingle, teamviewer जैसे शब्द हैं तो आपके फोन को हैक करने का प्रयास हो रहा है, तुरंत मैसेज डिलिट करें। लिंक पर क्लिक बिलकुल न करें। अनजान व्यक्तियों से फोन पर ज्यादा बात न करें और न ही उन्हें किसी भी तरह की जानकारी दें चाहे कुछ भी हो जाए। तभी आप ठगी से बच पाएंगे। इस तरह के फर्जीवाड़ों पर और विस्तार से जानकारी के लिए इस श्रृंखला पर नजर बनाए रखें। पिछले पाठों को फिर से जानने के लिए/ पुनरावलोकन के लिए तस्वीर पर क्लिक करें या ऊपर के संबंधित टैब (सायबर की पाठशाला) पर क्लिक करें।